जी ले ज़रा …


माना की तुम उदास हो

जीवन से अपने हताश हो

ख़ुशी का एक प्रयास तो करो

क्यों तुम इस कदर निराश हो

ये जीवन तुम्हारे द्वारा रचा हुआ है
मन इसमें तुम्हारा हर पल रमा हुआ है

गुनगुना लो इस पल में तुम

यहाँ पर घर तुम्हारा ही बसा हुआ है

तुम्हारी निराशा से परिवार को तकलीफ है
तुम्हारा खुद को नुक्सान पहुचना अनुचित है

जी लो इस पल को तुम पूर्ण रूप से

ये तो वीधि का विधान है जो पूर्व रचित है |

Keep smiling and spreading love…. No matter what.. because… “** जो होता है अच्छे के लिए ही होता है ।**”

                     ~virus_miki

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4 thoughts on “जी ले ज़रा …

  1. Vry nice 👌👌
    So inspiring

    माना कि तुम उदास हो
    जीवन से अपने हताश हो,,
    खु़शी का एक प्रयास तो करो
    क्यों तुम इस कदर निराश हो…!!!

    Ek girte hue ke liye Sahara h ye lines

    Keep it up 👍👍

    Liked by 1 person

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